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उत्तराखण्ड पर्यटन विकास परिषद अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर दो दिवसीय विशेष योग कार्यक्रम का आयोजन करेगा

‘‘घर पर योग, परिवार के साथ योग’’ थीम पर आधारित है इस वर्ष अंतरराष्ट्रीय योग

 

 

 

 

देहरादून, 18 जून। योग व्यायाम का ऐसा प्रभावशाली प्रकार है, जिसके माध्याम से न केवल शरीर के अंगों बल्कि मन, मस्तिष्क और आत्मा में संतुलन बनाया जाता है। हर साल 21 जून को विश्व योग दिवस मनाया जाता है। योग मूलतः भारतीय दर्शन है और भारत की पहल से ही योग दिवस संपूर्ण विश्व में मनाया जाता है। भारत के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने 2014 में संयुक्त राष्ट्र की महासभा में अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस को मनाने का प्रस्ताव रखा था। प्रधानमंत्री मोदी के इस प्रस्ताव को मंजूरी देते हुए संयुक्त राष्ट्र ने 21 जून को विश्व योग दिवस के रूप में मनाने की आधिकारिक घोषणा की थी। जिसके बाद पहली बार पूरे विश्व में 21 जून 2015 को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस मनाया गया। तब से हर साल पूरे विश्व में 21 जून को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस मनाया जाता है। इस वर्ष कोरोना काल के चलते देश समेत उत्तराखण्ड में अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर ऑनलाइन कार्यक्रम आयोजित किए जाएँगे। ‘‘घर पर योग और परिवार के साथ योग’’ थीम के आधार पर ही ऑनलाइन कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा।

उत्तराखंड पर्यटन विकास परिषद (यूटीडीबी) की ओर से अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर दो दिवसीय 20 व 21 जून को आँनलाइन विशेष योग कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है। इस कार्यक्रम में योग गुरु मनीष पॉल और दिलराज प्रीत कौर योग के गुर सिखाएंगे। जिसमें बुजुर्ग, जवान, महिलाऐं व बच्चे घर से ही ऑनलाइन बढ़चढ़ कर भाग लेंगे।

योग को बढ़ावा देने के लिए वर्ष 2015 में उत्तराखंड सरकार की ओर से देव संस्कृति विवि की छात्रा दिलराज प्रीत कौर को परेड मैदान में आयोजित योग दिवस के कार्यक्रम में योग की ब्रांड एंबेसडर नियुक्त किया था।

योग स्वस्थ मन और स्वस्थ तन दोनों के लिए आवश्यक है। उत्तराखंड नैतिक और अध्यात्म की भूमि है। यहां धार्मिक पर्यटन के साथ ही योगा, ध्यान केंद्र, पंचकर्म, नेचुरोपैथी आदि की पर्याप्त संभावनाएं हैं। जिसके चलते नैसर्गिक सौंदर्य से परिपूर्ण उत्तराखंड की वादियां अब देश-दुनिया के लिए हेल्थ और वेलनेस के नए हब के तौर पर उभर रही हैं।

पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज ने कहा कि सभी प्रदेशवासी घर पर रहकर ही योग करें स्वस्थ रहे निरोग रहें। उन्होंने कहा कि योग शरीर, मन, बुद्धि और आत्मा को एकमस्त करने वाला अद्वितीय माध्यम है। यह भारतीय संस्कृति की विश्व को एक ऐसी अनमोल धरोहर है जिसको वर्षों से हमारे ऋषि-मुनियों ने संरक्षित और विकसित कर विश्व के सामने औषधि रहित निरोग्य जीवन की एक नयी कल्पना रखी। कोरोना काल में रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाने के लिए योग ने महत्वपूर्ण योगदान दिया है। ऐसे में संकट के इस समय में अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के मौके पर सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए ऑनलाइन योग पर आधारित कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है। जिसमें प्रदेश भर से लोग ऑनलाइन जुड़ेंगे। अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के मौके पर हम घर पर रहकर शारीरिक दूरी के नियमों का पालन करते हुए ही योग दिवस मनाएंगे।

‘‘घर पर योग और परिवार के साथ योग’’ थीम पर आधारित विशेष कार्यक्रम के पहले दिन 20 जून को योग गुरु दिलराज प्रीत कौर सोशल मीडिया के जरिए सुबह 8 बजे विभिन्न योगासनों के बारे में जानकारी देंगी। वहीं 21 जून को योग गुरु मनीष पॉल सुबह 8 बजे से सोशल मीडिया के जरिए योग के गुर सिखाएंगे। दो दिवसीय कार्यक्रमों का यूटीडीबी के यूट्यूब, फ़ेसबुक और इंस्टाग्राम अकाउंट पर लाइव प्रसारण किया जाएगा।

 

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