महाराष्ट्र

डियर लॉटरीज़ के तीन भाग्यशाली विजेताओं को 5 करोड़ रुपये का नकद पुरस्कार दिया

मुम्बई, 09 दिसम्बर। मध्यवर्गीय परिवारों से ताल्लुक रखने वाले तीन भाग्यशाली व्यक्तियों के जीवन में उस समय एक बड़ा बदलाव आया, जब उन्होंने डियर लॉटरीज़ के लकी ड्रॉ से 5 करोड़ रुपये का नकद पुरस्कार जीता।

लॉकडाउन के दौरान, ऐसे बहुत से लोग थे जिन्हें दूसरे लोगों की तरह रहने के लिए घर, खाने के लिए भोजन और मनोरंजन का आनंद लेने की सुविधा नहीं थी। बहुत से लोगों को अपनी नौकरियों से हाथ धोना पड़ा था, बाजार बंद होने की वजह से कई छोटी-मोटी दुकानों के कारोबार पर बहुत बुरा असर हुआ, और इन सब की वजह से देश के लोगों को भारी नुकसान हुआ। इतनी साधारण पृष्ठभूमि से आने वाले वे लोग बड़े भरोसे के साथ लॉटरी टिकट में निवेश करते हैं। इसी विश्वास की वजह से तीन भाग्यशाली विजेता रातों-रात करोड़पति बन गए।

मुंबई के रहने वाले मनीरुल शेख दस्तकारी का काम करते हैं, और उन्हें अपनी किस्मत पर यकीन ही नहीं हो रहा था कि वे डियर लॉटरी टिकट के माध्यम से 1 करोड़ की पुरस्कार राशि जीतकर करोडपति बन चुके हैं। शेख का सपना है कि मुंबई में उनका अपना घर हो और इस पुरस्कार राशि से वह अपने सपने को पूरा करेंगे, साथ ही खेती के लिए जमीन खरीदेंगे और फिर शादी करके अपना घर बसाएंगे। उन्होंने कहा, “डियर लॉटरी ने महज एक दिन में मेरी जिंदगी बदल दी है। मैं पिछले 15 सालों से काम कर रहा था लेकिन कभी अपने सपनों को सच नहीं कर पाया। डियर लॉटरी के टिकट ने रातों-रात मेरी जिंदगी बदल दी और मेरे सपनों को सच कर दिया।” राजीव कुमार एक छोटे से प्रोविजन स्टोर के मालिक हैं, जिन्होंने डियर 2000 वीकली लॉटरी जीतकर 5 करोड़ रुपये का इनाम पाया है। वह खुशी-खुशी बताते हैं कि “मेरे सारे सपनों को अब पंख लग गए हैं” और इन पैसों से वह अपने छोटे से स्टोर को बड़ा बनाने तथा अपने व्यवसाय में निवेश करने का इरादा रखते हैं, ताकि उनका कारोबार भी खूब फल-फूल सके। पश्चिम बंगाल के पुरवा मेदिनीपुर जिले के एक किसान, एस.के. साबिद हुसैन डियर दिवाली बम्पर लॉटरी जीतकर बेहद खुश नजर आ रहे थे, जिन्हें 5 करोड़ रुपये का शानदार नकद पुरस्कार प्राप्त हुआ। एक किसान होने के नाते, उन्होंने इन पैसों से अपनी खेती को और मजबूत करने तथा अपने पड़ोस में रहने वाले उन सभी किसानों की मदद करने की इच्छा व्यक्त की, जो फिलहाल गुजर-बसर करने के लिए भी संघर्ष कर रहे हैं। पश्चिम बंगाल के बांकुरा के देवेंद्र अग्रवाल किराने की दुकान के मालिक हैं, जिन्होंने डियर 2000 वीकली लॉटरी जीती है। देवेंद्र कहते हैं, “मैं डियर लॉटरी का शुक्रगुजार हूं, जिन्होंने मेरे और मेरे जैसे दूसरे लोगों के जीवन में एक नई उमंग जगाई है। मैं अपने 5 करोड़ रुपये का बेहद सोच-समझकर इस्तेमाल करूंगा और इस मौके का भरपूर लाभ उठाने की कोशिश करूंगा।”

फ्यूचर गेमिंग की डियर लॉटरी एकमात्र उद्देश्य लोगों का मनोरंजन करते हुए उनकी जिंदगी में आशा की एक नई किरण जगाना है। संकट की यह घड़ी समाज के कमजोर तबके के लोगों के लिए बेहद कठिन रही है। ऐसी परिस्थितियों में ये लकी ड्रॉ लोगों की जिंदगी बदल देते हैं और उन्हें अपने सपनों को पूरा करने का सुनहरा अवसर देते हैं। इस मौके पर जोस चार्ल्स मार्टिन, मैनेजिंग डायरेक्टर, एम एंड सी, ने कहा, “हम जानते हैं कि पिछले कुछ महीने देश के लोगों के लिए बेहद चुनौतीपूर्ण साबित हुए हैं। हमें यह जानकर बेहद खुशी महसूस होती है कि एक संगठन के रूप में हमने किसी की तरक्की में अपना योगदान दिया है, और प्रतिदिन भारत के एक नागरिक को करोड़पति बना कर उनकी जिंदगी को सकारात्मक रूप से प्रभावित कर रहे हैं।

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