
ऋषिकेश: नगर निगम ऋषिकेश के वार्ड संख्या 35, 36 एवं 37 में प्रतिवर्ष होने वाले जलभराव की गंभीर समस्या के स्थायी समाधान हेतु महापौर शम्भू पासवान ने शासन स्तर पर ठोस पैरवी शुरू कर दी है । इस संबंध में महापौर ने सचिव, आपदा प्रबन्धन विभाग, उत्तराखण्ड शासन को पत्र प्रेषित कर नाली निर्माण हेतु विशेष धनराशि आवंटित करने का अनुरोध किया है ।
महापौर ने पत्र के माध्यम से अवगत कराया कि इन क्षेत्रों में जल निकासी की उचित व्यवस्था न होने से बरसात के समय बाढ़ जैसी स्थिति उत्पन्न हो जाती है, जिससे स्थानीय निवासियों के घरों में पानी घुस जाता है और घरेलू सामान को भारी क्षति पहुँचती है । इसके साथ ही सड़कों पर जमा होने वाले गंदे पानी के कारण बच्चों और बुजुर्गों का आवागमन बाधित होता है तथा क्षेत्र में डेंगू एवं मलेरिया जैसी संक्रामक बीमारियाँ फैलने का भय बना रहता है ।
इस महत्वपूर्ण परियोजना की कुल लागत लगभग 1.80 करोड़ रुपये आंकी गई है । महापौर ने बताया कि नगर निगम अपने सीमित आर्थिक संसाधनों से 50 लाख रुपये की राशि वहन करने को तैयार है, जबकि शेष 1.30 करोड़ रुपये की मांग आपदा प्रबन्धन विभाग से की गई है । उन्होंने शासन से आग्रह किया है कि जनहित और आपदा से सुरक्षा को देखते हुए यह धनराशि जल्द स्वीकृत की जाए ताकि आगामी मानसून सत्र के शुरू होने से पहले ही निर्माण कार्य पूरा कर क्षेत्रवासियों को राहत दी जा सके ।







