अतिक्रमणउत्तराखंड

पिरान कलियर में अवैध मजार पर चला बुलडोजर कार्रवाई के दौरान भारी पुलिस बल रहा तैनात

रुड़की। उत्तराखंड में बीते लंबे समय से सरकार भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराने का अभियान चलाया जा रहा है। सरकारी भूमि पर हो रखे अवैध निर्माणों को प्रशासन की टीम लगातार तोड़ने में लगी हुई है। इसी क्रम में हरिद्वार जिले के पिरान कलियर थाना क्षेत्र में प्रशासन ने सरकारी जमीन पर बनी अवैध मजार पर बुलडोजर चलाया और उसे ध्वस्त किया।
बताया जा रहा है कि मजार सिंचाई विभाग की जमीन पर बनी हुई थी। प्रशासन की इस कार्रवाई के दौरान इलाके में भारी पुलिस बल तैनात किया गया था। ताकि क्षेत्र में किसी भी तरह के हालत खराब न हो। दरअसल, उत्तराखंड की धामी सरकार ने अवैध निर्माणों के खिलाफ एक्शन तेज कर दिया है। वहीं उत्तराखंड सरकार की अवैध धार्मिक संरचनाओं के खिलाफ जारी मुहिम के तहत हरिद्वार जिला प्रशासन ने बुधवार की सुबह एक और बड़ी कार्रवाई की है।
हरिद्वार प्रशासनिक अधिकारियों ने पिरान कलियर में स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के आसपास फैले अवैध अतिक्रमण को हटवाया है, जिसके चलते मौके पर हलचल मची रही। बताया गया है कि अतिक्रमण की जद में आया यह मजार उत्तर प्रदेश सिंचाई विभाग की जमीन पर बनाया गया था। हालांकि विभाग की ओर से पहले ही इस अतिक्रमण को लेकर नोटिस जारी किए गए थे, जिसमें संबंधित लोगों को निर्धारित समय सीमा में अतिक्रमण हटाने के लिए कहा गया था, लेकिन समय बीत जाने के बावजूद भी कोई कार्रवाई नहीं की गई। आखिर में प्रशासन ने बुलडोजर से मजार को ध्वस्त किया।
बुधवार सुबह को रूड़की ज्वाइंट मजिस्ट्रेट दीपक रामचन्द्र सेठ के नेतृत्व प्रशासनिक अधिकारियों की टीम पिरान कलियर पहुंची। इसके बाद प्रशासन की टीम ने सख्ती दिखाते हुए बुलडोजर चलाकर सरकारी जमीन पर बनी अवैध मजार को पूरी तरह से जमींदोज कर दिया। इस दौरान मौके पर तहसीलदार विकास अवस्थी, नायब तहसीलदार यूसुफ अली, प्रवीण त्यागी, लेखपाल ग़ुल्फ़शा, कलियर थाना प्रभारी रवींद्र कुमार समेत अन्य तहसील प्रशासन की टीम समेत भारी पुलिसबल तैनात रहा।
हरिद्वार जिले में इससे पहले भी प्रशासन और वन विभाग की टीम ने सरकारी जमीनों पर बनी अवैध धार्मिक संरचनों पर कार्रवाई कर उन्हें तोड़ा है। बता दें कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने हाल ही में एक बयान भी दिया था, जिसमें उन्होंने साफ किया था कि कुछ तत्व लैंड जिहाद के माध्यम से खाली पड़ी भूमि पर अवैध कब्ज़े की कोशिश कर रहे हैं। हमारी सरकार ने लैंड जिहाद के विरुद्ध कठोर कार्रवाई करते हुए 10,000 एकड़ से अधिक सरकारी भूमि को अतिक्रमण से मुक्त कराया है, देवभूमि की संस्कृति और अस्मिता की रक्षा के लिए यह अभियान पूरी दृढ़ता से जारी रहेगा।

Related Articles

Back to top button
error: Content is protected !!