आयुर्वेदउत्तराखंड

ऋषिकेश से यूरोप तक आयुर्वेद की वैश्विक यात्रा की डॉ. डी. के. श्रीवास्तव ने

डॉ. डी. के. श्रीवास्तव नीदरलैंड्स, बेल्जियम और स्विट्ज़रलैंड में करेंगे आयुर्वेद वेलनेस वर्कशॉप और पल्स डायग्नोसिस कार्यक्रम

ऋषिकेश, 13 सितंबर। आयुर्वेद की प्राचीन भारतीय ज्ञान परंपरा को वैश्विक स्तर पर पहुंचाने के उद्देश्य से नवजीवनम् आयुर्वेद इंस्टीट्यूट्स, ऋषिकेश के संस्थापक एवं CEO, अंतरराष्ट्रीय आयुर्वेद विशेषज्ञ एवं गोल्ड मेडलिस्ट डॉ. डी. के. श्रीवास्तव (धनंजय कुमार श्रीवास्तव) आगामी 17 सितंबर से 17 अक्टूबर 2026 तक यूरोप के नीदरलैंड्स, बेल्जियम और स्विट्ज़रलैंड में आयुर्वेद वेलनेस वर्कशॉप, व्याख्यान, परामर्श एवं उपचार कार्यक्रम आयोजित करेंगे।डॉ श्रीवास्तवा को यूरोपियन एजुकेशन ऑफ़ आयुर्वेदा द्वारा इन देशों में आमंत्रित किया गया है यह उत्तराखंड के लिए गौरव की बात है ।

डॉ. श्रीवास्तव पिछले लगभग 30 वर्षों से आयुर्वेद चिकित्सा एवं वेलनेस के क्षेत्र में कार्यरत हैं और अब तक 16 से अधिक देशों में आयुर्वेद के कार्यशालाओं एवं कार्यक्रमों के माध्यम से भारतीय चिकित्सा पद्धति का प्रचार-प्रसार कर चुके हैं। वे European Education for Ayurveda के वर्ष 2008 से लगातार सदस्य भी हैं तथा अनेक राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय सम्मानों से सम्मानित हो चुके हैं।

यूरोप में विशेष आयुर्वेद कार्यक्रम:
नीदरलैंड्स एवं बेल्जियम में Gent, Zeeland और Brabant क्षेत्रों में आयुर्वेद वेलनेस एवं उपचार संबंधी कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। वहीं स्विट्ज़रलैंड में 6 से 14 अक्टूबर 2026 तक विशेष Workshop, Lectures & Pulse Diagnosis कार्यक्रम प्रस्तावित है।
कार्यक्रमों में पारंपरिक नाड़ी परीक्षण (Pulse Diagnosis/Nadi Pariksha), आयुर्वेदिक जीवनशैली, प्राकृतिक स्वास्थ्य, मानसिक संतुलन, शरीर एवं मन के समग्र स्वास्थ्य तथा जीवनशैली संबंधी समस्याओं पर विशेष मार्गदर्शन दिया जाएगा।

डॉ. श्रीवास्तव के अनुसार, “आयुर्वेद केवल रोग के उपचार की पद्धति नहीं, बल्कि स्वस्थ जीवन जीने की एक समग्र भारतीय जीवन-दृष्टि है। हमारा उद्देश्य प्राचीन आयुर्वेदिक ज्ञान को आधुनिक समाज की आवश्यकताओं के अनुरूप विश्वभर के लोगों तक पहुंचाना है।”

‘Reform the Mind, Rejuvenate the Body, Revitalise the Spirit’

यूरोप यात्रा का मुख्य संदेश “Reform your Mind, Rejuvenate your Body, Revitalise your Spirit” रखा गया है। कार्यक्रमों के माध्यम से लोगों को बेहतर स्वास्थ्य, सकारात्मक सोच, संतुलित जीवनशैली और प्राकृतिक स्वास्थ्य संरक्षण के प्रति जागरूक किया जाएगा।

यूरोप सहित विश्व के विभिन्न देशों तक
नवजीवनम् आयुर्वेद इंस्टीट्यूट्स का उद्देश्य—
“Ancient Wisdom • Modern Relevance • Global Impact”
के माध्यम से भारतीय आयुर्वेद को विश्व स्वास्थ्य और वेलनेस के क्षेत्र में एक प्रभावशाली एवं सकारात्मक भूमिका प्रदान करना !

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